December 5, 2025 अहंकार मुक्त जीवन: अध्यात्म में विनम्रता का दिव्य मार्ग अध्यात्म में अहंकार का पतनकारी स्वरूपअध्यात्म मार्ग में अहंकार ही सबसे बड़ा बाधक है, जो साधक को भ्रम की ओर ले जाता है और... Read More
December 3, 2025 आज्ञा चक्र जागरण: तीसरी आँख से दिव्य चेतना की यात्रा त्रि नेत्र का अभिप्राय है तीसरी आँख या आज्ञा चक्र, जो दोनों भौंहों के बीच, माथे पर स्थित होता है। यह चक्र इड़ा, पिंगला,... Read More
December 2, 2025 प्रभु माया की शक्ति: कैसे भक्त इस संसारिक मोह से ऊपर उठता है प्रिय भाई सुनील आपने जो दोहा लिखा है उसका मूल अर्थ ये है कि भगवान (प्रभु) की माया बहुत ही शक्तिशाली और बलवान है।... Read More
December 1, 2025 मेरी सोच “अध्यात्म की राह में ‘फिजा’ और ‘फिदा’ के अर्थ बहुत गहरे और सारगर्भित हैं। यहाँ पर ‘फिजा’ का अर्थ होता है वातावरण, मौसम, या... Read More
November 30, 2025 नाम जप और नाद क्या हैं? इनके आध्यात्मिक अनुभव का गहरा रहस्य दार्शनिक दृष्टि से नाद और नाम जप में यह अंतर है कि नाम जप एक क्रिया है जिसमें ईश्वर या गुरु के नाम का... Read More
November 30, 2025 अनाहद नाद का रहस्य: गुरु की तवज्जोह और साधना से जन्मी दिव्य ध्वनि जब हम किसी भी ईश्वर को याद या उसके ड्सर्शन करते है और नाम जपते है तो हम जाप करते हुवे शांति तो अवश्य... Read More