January 25, 2025 पतंजलि ने योग को आठ अंगों में विभाजित किया है, जिसे “अष्टांग योग” कहा जाता है। यह मार्ग ईश्वर प्राप्ति के लिए एक व्यवस्थित प्रक्रिया है। आइए इसे समझते हैं: समाज और दूसरों के प्रति सही व्यवहार। पाँच यम: अहिंसा,... Read More
January 25, 2025 पतंजलि योग सूत्र और ईश्वर प्राप्ति पतंजलि योग सूत्रों के अनुसार, आध्यात्मिक सफर पर चलने का मार्ग योग के माध्यम से होता है, जो आत्मा को परमात्मा से जोड़ने का... Read More
January 25, 2025 मानव चोले का महत्व मानव जीवन को विशेष इसलिए माना गया है क्योंकि यही वह माध्यम है, जिसके द्वारा आत्मा अपने उच्चतम लक्ष्य को प्राप्त कर सकती है।... Read More
January 25, 2025 “अहं ब्रह्मास्मि” का अर्थ अद्वैत वेदांत के अनुसार, “अहं ब्रह्मास्मि” का अर्थ है कि प्रत्येक व्यक्ति के भीतर वही परम सत्ता या ब्रह्म निवास करती है, जो इस... Read More
January 25, 2025 अहम ब्राहष्मी बात अद्वैत और अध्यात्म के गहरे सिद्धांतों को छूती है.. अहम ब्राहष्मी बात अद्वैत और अध्यात्म के गहरे सिद्धांतों को छूती है। “मानव चोला” का अर्थ मानव शरीर या जीवन से है, और यह... Read More